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विज़न 2030: ‘मक्का’ में इस्लाम के ऐतिहासिक स्थलों पर दिया जाएगा ख़ास ध्यान

source: Pillars of Islam

मक्का: विज़न 2030 के तहत सऊदी में कई बड़े परिवर्तन किये गये है और कई बड़े परिवर्तन देखनी कि उम्मीद कि जा रही है. विज़न 2030 का उद्देश्य ना सिर्फ सऊदी को बेहतर देश बनाना है बल्कि हर सऊदी नागरिक को रोज़गार सुनिश्चित करना है. इस योजना में सऊदी महिलाओं पर भी खास ध्यान दिया दिया गया है. इसी के साथ सऊदी अरब की कुछ एतिहासिक स्थलों पर भी ख़ास ध्यान दिया जारा है.

विशेषज्ञों के मुताबिक, मक्का की 40 से ज्यादा ‘ऐतिहासिक’ और ‘आर्कियोलॉजिकल’ स्थलों की अर्थव्यवस्था में बढ़ोतरी लाने के लिए सऊदी अरब के विज़न 2030 योजना में एक अहम भूमिका निभा सकती है.

अरब न्यूज़ के मुताबिक, यह स्थल मक्का के ऐतिहासिक संसाधन का प्रतिनिधित्व करेगा जो कि तीर्थयात्रियों और सऊदी में घूमने आने वाले लोगों के लिए इन स्थलों का प्रचार किया जाएगा. मक्का के इतिहास केंद्र के निदेशक फवाज़ अल-दाहास ने बताया कि मक्का के पुराने और एतिहासिक स्थलों में सबसे ज़्यादा इस्लाम के इतिहास से जुड़े स्थल शामिल है. जो पर्यटकों को यहाँ आने के लिए स्वागत करेंगे.

अल-दाहास ने कहा कि, मक्का घूमने आने वाले लोगों को इस्लाम के एतिहासिक स्थलों पर घूमने का मौका तो मिलेगा ही इसी के साथ पर्यटक को इस्लाम का इतिहास जानने का भी मौका मिलेगा. उन एतिहासिक स्थलों तक पर्यटकों को ले जाया जाएगा जहाँ पहले पहुंचना मुश्किल होता था खासकर  माउंट थोर और हिरा की गुफा, जैसे स्थलों का प्रचार किया जाएगा.

एतिहासिक शोधकर्ता साद अल-जौदी ने कहा कि मक्का में ऐतिहासिक स्थलों को बढ़ावा देने के लिए हिरा और माउंट थोर की गुफा के लिए एक केबल कार का निर्माण किया जाएगा. सूचना केंद्रों को सऊदी कमिशन फॉर टूरिज्म एंड नेशनल हेरिटेज (एससीटी) द्वारा प्रबंधित किया जाएगा.

सऊदी विश्वविद्यालयों में इस्लामी एतिहासिक वस्तुओं के विभागों के ग्रेजुएशन हासिल करने वाले लोग ऐतिहासिक स्थलों और इस्लामी स्मारकों के बारे में पर्यटकों को जानकारी देंगे.

मक्का कल्चरल क्लब में बुधवार को लेक्चर के दौरान, उम्म अल-कुरा विश्वविद्यालय में इतिहास और सभ्यता के प्रोफेसर डॉ अदनान अल-शरीफ ने कहा कि मक्का शहर बहुत ही ‘एतिहासिक’ शहर है. “यह उम्म अल-कुरा (सभी कस्बों की मां) है जिसका ज़िक्र कुरान-ए-पाक और हदीस में में भी किया गया है.

SOURCE: Pillars of Muslims

अल-शरीफ ने कहा कि मक्का की ग्रैंड मस्जिद, स्थलों और विशिष्ट शहरी वास्तुकला को विजन 2030 के तहत अहम भूमिका है. “शहर धार्मिक गतिविधियों के साथ एक जगह है, इस्लाम की ‘एतिहासिक’ और ‘सांस्कृतिक’ जगह भी है. उन्होंने मक्का के बारे में तीन  ऐतिहासिक स्रोतों की ओर इशारा करते हुए बताया कि पहले मक्का के ‘अहमियत’ के बारे में बताया दूसरा शहर के ‘इतिहास’ और तीसरे ने अपने प्रसिद्ध लोगों की चर्चा की.

 

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