Home मिडिल ईस्ट “कतर लेकर आएगा सऊदी अरब को घुटनों पर” : ईरानी विदेश मंत्री

“कतर लेकर आएगा सऊदी अरब को घुटनों पर” : ईरानी विदेश मंत्री

तेहरान में अमीरकाबीर यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी में एक सम्मेलन को संबोधित करते हुए, ईरान के विदेश मंत्री ने सऊदी क्राउन प्रिंस के इस्लामी गणराज्य की ओर दृष्टिकोण और राजनीति पर विचारों के लिए क्राउन प्रिंस को सरल दिमाग वाला कहकर क्राउन प्रिंस की निंदा की.

ईरान के बारे में इतना क्यों सोचते हैं ?

एक समारोह में 1 मई को विश्वविद्यालय में प्रोफेसर दिवस मनाने पर ईरानी विदेश मंत्री मोहम्मद जावद जरीफ ने   छात्रों से वर्तमान विकास के बारे में बात की थी. जैसे ही उन्होंने विश्वविद्यालय के परिसर में प्रवेश किया तो छात्रों के एक समूह ने परिसर में बेसिज एसोसिएशन के संबंध में परमाणु समझौते के खिलाफ नारे लगाये . स्थानीय मीडिया के मुताबिक, कई छात्रों ने ज़रीफ के वाहन पर हमला किया.

सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के संदर्भ में, ज़रीफ ने कहा की “युवा, साधारण दिमागी सऊदी आते हैं और कहते हैं की हम ईरान से डरते नहीं हैं और यह भी कहते हैं की ईरान इस्लामी दुनिया की पांचवीं सैन्य शक्ति है.” तो अब अब मुझे आश्चर्य है कि यह सच है, तो वे ईरान ही के बारे में इतना ज्यादा क्यों बोलते रहते हैं.”

सऊदी है चिंतित 

जारिफ ने आगे कहा की “पिछले साल सऊदी अरब का हथियार खरीदने के मामले में दुनिया में तीसरा स्थान था. उन्होंने $ 67 बिलियन खर्च किए और हथियारों की खरीद की . हथियारों की इस मात्रा में खरीद यह इंगित करती है कि वे कितने चिंतित हैं.?”  वे स्वीकार कर रहे हैं कि वे ईरान का विरोध करने में सक्षम नहीं हैं, क्योंकि सत्ता के स्रोत बदल गए हैं. वे तो कतर से उबरने में भी सक्षम नहीं हैं. उन्होंने कहा की ” कतर सऊदी अरब को उसके घुटनों पर लायेगा क्योंकि सत्ता और पॉवर पाने के लिए जिन स्रोतों का उपयोग किया जाता था वह सब बदल चुके हैं.”

2017 में, संयुक्त अरब अमीरात, बहरीन और मिस्र के साथ सऊदी अरब ने कतर के साथ अपने रिश्तों को तोड़ दिया था.क्योंकि इन देशों ने कतर पर आरोप लगाया था की वह आतंकवादी संगठनों के वित्तपोषण का काम कर रहा है.”

ज़रीफ ने कहा, “हम अन्य क्षेत्रीय देशों से अलग हैं.  हमारा विकास और प्रगति स्वदेशी है. डोनाल्ड ट्रम्प हमें नहीं बता सकता की अगर मैं आपको दो हफ्तों तक समर्थन नहीं देता हूं, तो आपको गिरा दिया जाएगा.” उन्होंने कहा की “जब ट्रम्प ने मिडिल ईस्ट क्षेत्रों में कई देशों के लिए यह कहा था तो सऊदी विदेश मंत्री ने कहा की “अगर अमेरिका , कतर देश का समर्थन ना करें तो क़तर का शासन एक हफ्ते से भी कम समय में गिर जाएगा तो जरीफ ने कहा की “यहाँ ट्रम्प ने सऊदी अरब को यह नहीं कहा था .”